Shivji Ke Damaru Se Nikala Ragupati Raghav Raja Ram
शिवजी के डमरू से निकला रघुपति राघव राजा राम,
शिव जी के डमरू से निकला रघुपति राघव राजा राम,
नारद की वीणा से निकला पतित पावन सीताराम,
शिव जी के डमरू से निकला रघुपति राघव राजा राम…..
अर्जुन के गाँढिव से निकला जय मधुसुधन जय घनश्याम,
द्रोपदी की आह से निकला भक्त के रक्षक हे भगवान,
शिव जी के डमरू से निकला रघुपति राघव राजा राम….
शबरी के बैरो से निकला भाव के भूखे हे भगवान,
भक्त प्रहलाद के मुख से निकला तुझमें राम मुझमें राम,
शिव जी के डमरू से निकला रघुपति राघव राजा राम…
बृज की कुंज गली से निकला जय गुरुदाता जय गुरुनाम,
चार वेद छः शास्त्र पुकारे हरि ओम हरि ओम सीताराम,
शिव जी के डमरू से निकला रघुपति राघव राजा राम…..
शंकर के डमरू से निकला रघुपति राघव राजा राम,
शिव जी के डमरू से निकला रघुपति राघव राजा राम,
नारद की वीणा से निकला पतित पावन सीताराम,
शिव जी के डमरू से निकला रघुपति राघव राजा राम…..

मैं पंडित सत्य प्रकाश, सनातन धर्म का एक समर्पित साधक और श्री राम, लक्ष्मण जी, माता सीता और माँ सरस्वती की भक्ति में लीन एक सेवक हूँ। मेरा उद्देश्य इन दिव्य शक्तियों की महिमा को जन-जन तक पहुँचाना और भक्तों को उनके आशीर्वाद से जोड़ना है। मैं अपने लेखों के माध्यम से इन महान विभूतियों की कथाएँ, आरती, मंत्र, स्तोत्र और पूजन विधि को सरल भाषा में प्रस्तुत करता हूँ, ताकि हर भक्त अपने जीवन में इनकी कृपा का अनुभव कर सके।जय श्री राम View Profile