झूम उठा दिल देख नजारा उस सालासर धाम का भजन भक्तों की गहरी श्रद्धा और प्रेम को अभिव्यक्त करता है, जो सालासर हनुमान जी के दरबार की दिव्यता को देखकर आत्मविभोर हो जाते हैं। सालासर धाम वह स्थान है जहाँ भक्तों की आस्था को बल मिलता है और हनुमान जी के चमत्कारी दर्शन से उनका हृदय उल्लास से भर उठता है।
Jhum Utha Dil Dekh Nazara Us Salasar Dham
झूम उठा दिल देख नजारा,
उस सालासर धाम का।
झंडा श्री राम का,
डंका हनुमान का।
झंडा श्री राम का,
डंका हनुमान का।।
मंदिर आलिशान है,
मंदिर में हनुमान है।
शीश झुकाकर भक्त सभी,
कहते जय श्री राम है।
आ गए आंसू देख के ऐसा,
आ गए आंसू देख के ऐसा।
रिश्ता भक्त भगवान का,
झंडा श्री राम का।
डंका हनुमान का।।
मुख से जय श्री राम कहो,
हनुमान खुश होते है।
जय जय जय हनुमान कहो,
श्री राम खुश होते है।
हनुमान सा भक्त नहीं है,
हनुमान सा भक्त नहीं है।
कहना वेद पुराण का,
झंडा श्री राम का,
डंका हनुमान का।।
दुनिया वालो राम की,
भक्ति में सब झूमो ना।
सच्चे इस दरबार में,
चरणों को तुम चूमो ना।
आ गए आंसू देख के ऐसा,
आ गए आंसू देख के ऐसा।
रिश्ता भक्त भगवान का,
झंडा श्री राम का,
डंका हनुमान का।।
झूम उठा दिल देख नजारा,
उस सालासर धाम का।
झंडा श्री राम का,
डंका हनुमान का।
झंडा श्री राम का,
डंका हनुमान का।।
सालासर धाम का नज़ारा भक्तों के हृदय को आनंद और भक्ति से भर देता है। वहाँ की पावन ऊर्जा और दिव्यता भक्तों को उनके सारे कष्टों से मुक्त कर देती है। जब भक्त सच्चे मन से हनुमान जी के चरणों में समर्पित होते हैं, तो वे उनकी हर प्रार्थना सुनते हैं और उन्हें अपनी कृपा से नवाजते हैं। यह भजन सालासर धाम की महिमा का गुणगान करता है और हमें बताता है कि यह स्थान केवल एक मंदिर नहीं, बल्कि हनुमान जी के चमत्कारी स्वरूप का जीवंत प्रमाण है।