कुछ ना कहूंगा चुप ही रहूँगा
भक्ति का सबसे गहरा रूप वह होता है, जब शब्द मौन हो जाते हैं और आत्मा श्रीकृष्ण से संवाद करने लगती है। प्रेम और समर्पण में डूबा हुआ भक्त केवल अपने भावों से प्रभु को पुकारता है। भजन कुछ ना कहूंगा चुप ही रहूँगा इसी भाव को प्रकट करता है, जहाँ भक्त अपनी हर व्यथा … Read more