भक्ति में समर्पण का भाव हो तो माँ की कृपा जरूर बरसती है। मैया मनाये ना मानी नारियल खो रिसानी भजन में भी यही संदेश मिलता है कि भक्त कितना भी प्रयास करे, अगर भक्ति सच्ची हो तो माँ दुर्गा प्रसन्न होकर मनोकामनाएँ पूर्ण करती हैं। इस भजन के बोल माँ की ममता और भक्तों के अटूट विश्वास को प्रकट करते हैं। तो आइए, इस भजन के माध्यम से माँ की महिमा को नमन करें और उनकी कृपा प्राप्त करें।
Maiya Manaye Na Mani Nariyal Kho Risani
मैया मनाये ना मानी,
नारियल खो रिसानी।1।
पान सुपाड़ी लौंगा लाये,
पर वो तो ज़िद ठानी,
नरियल खो रिसानी।2।
चम्पा चमेली की माला लाये,
देख के न हरषानी,
नरियल खो रिसानी।3।
खीर बताशा हलुआ पूरी,
खाये न मात भवानी,
नरियल खो रिसानी।4।
‘राजेन्द्र’ भेंट नारियल लाये,
देख के माँ मुस्कानी,
नरियल खो रिसानी।5।
मैया मनाये ना मानी,
नारियल खो रिसानी।6।
माँ दुर्गा की भक्ति में डूबकर हर भक्त को असीम शांति और आनंद की अनुभूति होती है। यह भजन हमें सिखाता है कि माँ के दरबार में केवल दिखावटी भक्ति नहीं, बल्कि सच्चे मन से की गई पूजा ही स्वीकार होती है। अगर आपको यह भजन पसंद आया हो, तो माँ के अन्य भक्तिमय गीतों को भी सुनें, जैसे “दुर्गे तुम्हारी जय हो अम्बे तुम्हारी जय हो” और “बता दो हे जगत जननी मेरा उद्धार कैसे हो”, जो माँ की कृपा और भक्ति का अनुभव कराते हैं। आइए, अपने हृदय में माँ की भक्ति को और गहराई से महसूस करें और उनके चरणों में अपना समर्पण अर्पित करें। जय माता दी! ????✨