Shiv Puran Aarti
शिव पुराण शिवजी की आरती कीजिए।
शिव चरणों में ध्यान अपना दीजिए॥
ये महाग्रन्थ है शिव पुराण, सन्मार्ग दिखाने वाला,
सब बिगड़ी बनाने वाला – 2
सुनते सुजान, करते है ध्यान, शिव अमृत रस को पीजिए॥
झांकी अनूप, कल्याण रूप, सबके मन को ये भाये,
मन मंदिर में बस जाए -2
शिव ध्यान लगा, मन को भी जगा, तन मन धन अर्पण कीजिए॥
चौबीस हजार श्लोकों का सार, ये पावन ग्रन्थ कहाये,
शिव की महिमा बतलाऐ -2
हो जा पुनीत विषयों को जीत, मन कामना फल सब लिजिए॥
ये विश्वनाथ, करते संघात,सब दुख मिटाने वाला,
भव पार लगाने वाला -2
जप नमः शिवाय -2, जीवन सफल सब कीजिए॥

मैं पंडित सत्य प्रकाश, सनातन धर्म का एक समर्पित साधक और श्री राम, लक्ष्मण जी, माता सीता और माँ सरस्वती की भक्ति में लीन एक सेवक हूँ। मेरा उद्देश्य इन दिव्य शक्तियों की महिमा को जन-जन तक पहुँचाना और भक्तों को उनके आशीर्वाद से जोड़ना है। मैं अपने लेखों के माध्यम से इन महान विभूतियों की कथाएँ, आरती, मंत्र, स्तोत्र और पूजन विधि को सरल भाषा में प्रस्तुत करता हूँ, ताकि हर भक्त अपने जीवन में इनकी कृपा का अनुभव कर सके।जय श्री राम View Profile