हमारे भोले बाबा को मना लो
Humare Bhole Baba Ko Mana Lo हमारे भोले बाबा को मना लो जिसका दिल चाहे…… शीश पर चंद्रमा सोहे गले में मुंह मुंड माला है,जटा में बह रही गंगा नहा लो जिसका दिल चाहे,हमारे भोले बाबा को मना लो जिसका दिल चाहे…… अंग में रम रही भस्मी बगल में मृग छाला है,हाथ में सज रहा … Read more