Na Jhatko Shish Se Ganga
ना झटको शीश से गंगा हमारी गौरा भीग जाएगी…..
गौरा के माथे पे बिंदिया भोले के माथे पे चंदा,
के दोनों का मिलन होगा नजारा हम भी देखेगे,
ना झटको शीश से गंगा हमारी गौरा भीग जाएगी….
गौरा के गले में माला है साथ में डमरू वाला है,
के दोनों का मिलन होगा नजारा हम भी देखेगे,
ना झटको शीश से गंगा हमारी गौरा भीग जाएगी..
गौरा के हाथ में कंगना भोले के हाथ में डमरू,
के दोनों का मिलन होगा नजारा हम भी देखेगे,
ना झटको शीश से गंगा हमारी गौरा भीग जाएगी…….
गौरा के पाँव में पायल मोले के पेरो में घुघरू,
के दोनों का मिलन होगा नजारा हम भी देखेगे,
ना झटको शीश से गंगा हमारी गौरा भीग जाएगी….
गौरा के शीश पे चुनरी मोले के तन पे है भस्मी,
के दोनों का मिलन होगा नजारा हम भी देखेगे,
ना झटको शीश से गंगा हमारी गौरा भीग जाएगी….

मैं पंडित सत्य प्रकाश, सनातन धर्म का एक समर्पित साधक और श्री राम, लक्ष्मण जी, माता सीता और माँ सरस्वती की भक्ति में लीन एक सेवक हूँ। मेरा उद्देश्य इन दिव्य शक्तियों की महिमा को जन-जन तक पहुँचाना और भक्तों को उनके आशीर्वाद से जोड़ना है। मैं अपने लेखों के माध्यम से इन महान विभूतियों की कथाएँ, आरती, मंत्र, स्तोत्र और पूजन विधि को सरल भाषा में प्रस्तुत करता हूँ, ताकि हर भक्त अपने जीवन में इनकी कृपा का अनुभव कर सके।जय श्री राम View Profile