Bhole Mujhko Aisa Ghar Do
भोले मुझको ऐसा घर दो जिसमे तुम्हारा मंदिर हो,
ज्योत जगे दिन रैन तुम्हारी तुम मंदिर के अन्दर हो….
एक कमरा जिसमे तुम्हारा आसन भोले सजा रहे,
हर पल हर छिन भक्तो का वहां आना जान लगा रहे,
छोटे बड़े का उस घर में एक सामान ही आदर हो,
ज्योत जगे दिन रैन तुम्हारी तुम मंदिर के अन्दर हो…
इस दर से कोई भी सवाली खाली कभी जाए ना,
चैन ना पाऊं तब तक भोले जब तक चैन वो पाए ना,
मुझको दो वरदान दया का तुम तो दया का सागर हो,
ज्योत जगे दिन रैन तुम्हारी तुम मंदिर के अन्दर हो…
हर एक प्राणी उस घर का भोले तेरी महिमा गाता रहे,
तू रखे जिस हाल मैं दाती हर पल शुक्र मनाता रहे,
कभी न हिम्मत हारे माता चाहे शमा भयंकर हो,
ज्योत जगे दिन रैन तुम्हारी तुम मंदिर के अन्दर हो…

मैं पंडित सत्य प्रकाश, सनातन धर्म का एक समर्पित साधक और श्री राम, लक्ष्मण जी, माता सीता और माँ सरस्वती की भक्ति में लीन एक सेवक हूँ। मेरा उद्देश्य इन दिव्य शक्तियों की महिमा को जन-जन तक पहुँचाना और भक्तों को उनके आशीर्वाद से जोड़ना है। मैं अपने लेखों के माध्यम से इन महान विभूतियों की कथाएँ, आरती, मंत्र, स्तोत्र और पूजन विधि को सरल भाषा में प्रस्तुत करता हूँ, ताकि हर भक्त अपने जीवन में इनकी कृपा का अनुभव कर सके।जय श्री राम View Profile