Aaye Jab Sankat
आये जब संकट बिलकुल तुम ना डोलो,
घेरे जब संकट बिलकुल तुम ना डोलो,
सच्चे शुद्ध भाव से नमः शिवाय बोलो,
प्रभु चिंता को लेंगे हर,
तेरा कल्याण वो देंगे कर,
आये जब संकट बिलकुल तुम ना डोलो,
दुखो के तूफान में बिलकुल तुम ना डोलो,
श्रद्धा विश्वास से नमः शिवाय बोलो,
प्रभु चिंता को लेंगे हर,
तेरा कल्याण वो देंगे कर।
बड़ा ही वो दयालु है, सुख का सागर है,
हर इंसान जग का युग युग से उसपे निर्भर है,
वो रहे साथ तो सब बलाये टल जाये,
खोयी खुशिया फिर से वापिस मिल जाये,
भक्ति की रोज़ सुधा ही तुम खोलो,
सच्चे शुद्ध भाव से नमः शिवाय बोलो,
प्रभु चिंता को लेंगे हर,
तेरा कल्याण वो देंगे कर,
आये जब संकट बिलकुल तुम ना डोलो,
सच्चे शुद्ध भाव से नमः शिवाय बोलो,
प्रभु चिंता को लेंगे हर,
तेरा कल्याण वो देंगे कर।
कोई जो मांगे सच्चे मन से वो ही मिलता है,
सारी सृष्टि पे हुकुम उसका ही चलता है,
उसके दर से कोई खाली कभी ना मुड़ता है,
दया सब पर ही हर घड़ी बड़ी ही करता है,
कभी तो खिड़की अपने तुम अंतरमन की खोलो,
सच्चे शुद्ध भाव से नमः शिवाय बोलो,
प्रभु चिंता को लेंगे हर,
तेरा कल्याण वो देंगे कर,
आये जब संकट बिलकुल तुम ना डोलो,
सच्चे शुद्ध भाव से नमः शिवाय बोलो,
आये जब संकट बिलकुल तुम ना डोलो,
सच्चे शुद्ध भाव से नमः शिवाय बोलो,
प्रभु चिंता को लेंगे हर,
तेरा कल्याण वो देंगे कर,
प्रभु चिंता को लेंगे हर,
तेरा कल्याण वो देंगे कर।

मैं पंडित सत्य प्रकाश, सनातन धर्म का एक समर्पित साधक और श्री राम, लक्ष्मण जी, माता सीता और माँ सरस्वती की भक्ति में लीन एक सेवक हूँ। मेरा उद्देश्य इन दिव्य शक्तियों की महिमा को जन-जन तक पहुँचाना और भक्तों को उनके आशीर्वाद से जोड़ना है। मैं अपने लेखों के माध्यम से इन महान विभूतियों की कथाएँ, आरती, मंत्र, स्तोत्र और पूजन विधि को सरल भाषा में प्रस्तुत करता हूँ, ताकि हर भक्त अपने जीवन में इनकी कृपा का अनुभव कर सके।जय श्री राम View Profile