छोड़ो कल की बातें, कल की बात पुरानी एक अत्यंत प्रेरणादायक और जोश से भरा देशभक्ति गीत है, जो हमें वर्तमान में जीने और अपने देश के लिए आज क्या कर सकते हैं, इस पर ध्यान केंद्रित करने की प्रेरणा देता है। यह गीत हमें याद दिलाता है कि अतीत की बातों को छोड़कर, हमें अपने कर्तव्यों को आज के समय में निभाना चाहिए। इस भजन के शब्द हमें हमारे वर्तमान में देश की सेवा करने और उसे मजबूत बनाने का उत्साह देते हैं।
Chhodo Kal Ki Bate Kal Ki Bat Purani
छोड़ो कल की बातें,
कल की बात पुरानी,
नये दौर में लिखेंगे,
मिलकर नई कहानी,
हम हिन्दुस्तानी,
हम हिन्दुस्तानी।।1।।
आज पुरानी ज़ंजीरों को,
तोड़ चुके हैं,
क्या देखें उस मंजिल को जो,
छोड़ चुके हैं,
चाँद के दर पे जा पहुंचा है,
आज ज़माना,
नये जगत से हम भी नाता,
जोड़ चुके हैं,
नया खून है नयी उमंगें,
अब है नयी जवानी,
हम हिन्दुस्तानी,
हम हिन्दुस्तानी।।2।।
हमको कितने ताजमहल हैं,
और बनाने,
कितने ही अजंता हमको,
और सजाने,
अभी पलटना है रुख कितने,
दरियाओं का,
कितने पवर्त राहों से हैं,
आज हटाने,
नया खून है नयी उमंगें,
अब है नयी जवानी,
हम हिन्दुस्तानी,
हम हिन्दुस्तानी।।3।।
आओ मेहनत को अपना,
ईमान बनाएं,
अपने हाथों को अपना,
भगवान बनाएं,
राम की इस धरती को,
गौतम की भूमी को,
सपनों से भी प्यारा,
हिंदुस्तान बनाएं,
नया खून है नयी उमंगें,
अब है नयी जवानी,
हम हिन्दुस्तानी,
हम हिन्दुस्तानी।।4।।
हर ज़र्रा मोती है,
आँख उठाकर देखो,
माटी में सोना है,
हाथ बढ़ाकर देखो,
सोने की ये गंगा है,
चांदी की यमुना,
चाहो तो पत्थर पे,
धान उगाकर देखो,
नया खून है नयी उमंगें,
अब है नयी जवानी,
हम हिन्दुस्तानी,
हम हिन्दुस्तानी।।5।।
छोड़ो कल की बातें,
कल की बात पुरानी,
नये दौर में लिखेंगे,
मिलकर नई कहानी,
हम हिन्दुस्तानी,
हम हिन्दुस्तानी।।6।।
गुरु देव जी के भजन हमें अपने कर्तव्यों और देश के प्रति हमारी जिम्मेदारियों का एहसास कराते हैं। छोड़ो कल की बातें, कल की बात पुरानी जैसे भजन हमें अपने वर्तमान को सशक्त और प्रेरित तरीके से जीने की प्रेरणा देते हैं। गुरु देव जी के अन्य भजन जैसे हर करम अपना करेंगे ऐ वतन तेरे लिए – देशभक्ति गीत , सारे जग से प्यारा है अपना वतन देशभक्ति गीत लिरिक्स, जिसने मरना सिख लिया है जीने का अधिकार उसी को लिरिक्स भी हमें अपने समय और शक्ति का सही उपयोग करने के लिए प्रेरित करते हैं, ताकि हम अपने देश को आगे बढ़ने में मदद कर सकें। इन भजनों के माध्यम से हम अपने दिलों में देशभक्ति और समर्पण की भावना को प्रगाढ़ कर सकते हैं और अपने कर्तव्यों का पालन कर सकते हैं।