Bhole Ke Dar Se Milega
याहा आओ दामन के फेलाने वाले
याहा आके भोले के दर से मिलेगा
नही मिल सका आज तक जो कही से,
वो सावन में भोले के दर से मिलेगा
केलाश के भोले तुम रहने वाले भगतो पे एसी किरपा करने वाले,
सावन का महिना है किरपा करदो भोले
जल चडाने आये है दर पे तुम्हारे,
जैसे भी दीवाने आये है दर पर जो दस्ते तलब तक बडाते नही है
तुम्ही भोले अपने कर्म को भडाओ,
नही तो इन्हें फिर काहा से मिलेगा

मैं पंडित सत्य प्रकाश, सनातन धर्म का एक समर्पित साधक और श्री राम, लक्ष्मण जी, माता सीता और माँ सरस्वती की भक्ति में लीन एक सेवक हूँ। मेरा उद्देश्य इन दिव्य शक्तियों की महिमा को जन-जन तक पहुँचाना और भक्तों को उनके आशीर्वाद से जोड़ना है। मैं अपने लेखों के माध्यम से इन महान विभूतियों की कथाएँ, आरती, मंत्र, स्तोत्र और पूजन विधि को सरल भाषा में प्रस्तुत करता हूँ, ताकि हर भक्त अपने जीवन में इनकी कृपा का अनुभव कर सके।जय श्री राम View Profile