Bhola Hai Bhandari Shankar bhola Hai Bhandari
गले में पेहने है नागो की माला
रूप निराला शंकर भोला है भाला,
पीता भांग का प्याला रे भोला है भंडारी शंकर भोला है भंडारी,
जटा में गंगा करे नंदी की सवारी
शंकर है मेरा जिसने सारी दुनिया तारी
रूप है इसका निराला रे
भोला है भंडारी शंकर भोला है भंडारी,
जो भी भोले का नाम पुकारे
भोले बाबा उसके काज सवारे,
भोला मेरा मत वाला रे
भोला है भंडारी शंकर भोला है भंडारी,
कुमार सुमित्र भी दर तेरे आये
कमलेश कपूर भजन भोले के गाये
ऐसा भोले ने जादू ढाला रे
भोला है भंडारी शंकर भोला है भंडारी,