Aata Rahu Darbar Bholenath
आता रहूं दरबार भोलेनाथ,
मैं पाता रहूं तेरा प्यार भोलेनाथ,
मैं पाता रहूं तेरा प्यार भोलेनाथ,
मैं आता रहूँ दरबार भोलेनाथ….
मेरी सारी दौलत बाबा,
तेरे चरण की धूलि,
तूने उस पल याद रखा जब,
सारी दुनिया भूली,
करना यही उपकार भोलेनाथ,
करना यही उपकार भोलेनाथ,
मैं आता रहूँ दरबार भोलेनाथ……
अपने बने पराये सारे,
तूने साथ निभाया,
धक्के खाए जग वालो से,
तूने हाथ फिराया,
यूँ ही फिराना हर बार भोलेनाथ,
यूँ ही फिराना हर बार भोलेनाथ,
मैं आता रहूँ दरबार भोलेनाथ………
सर से लेकर पाँव तलक,
तेरा कर्जा है बाबा,
सोच नहीं सकता था उससे,
दिया है तूने ज्यादा,
श्याम का तू ही संसार भोलेनाथ,
श्याम का तू ही संसार भोलेनाथ,
मैं आता रहूँ दरबार भोलेनाथ,
आता रहूं दरबार भोलेनाथ,
मैं पाता रहूं तेरा प्यार भोलेनाथ,
मैं पाता रहूं तेरा प्यार भोलेनाथ,
मैं आता रहूँ दरबार भोलेनाथ…….

मैं पंडित सत्य प्रकाश, सनातन धर्म का एक समर्पित साधक और श्री राम, लक्ष्मण जी, माता सीता और माँ सरस्वती की भक्ति में लीन एक सेवक हूँ। मेरा उद्देश्य इन दिव्य शक्तियों की महिमा को जन-जन तक पहुँचाना और भक्तों को उनके आशीर्वाद से जोड़ना है। मैं अपने लेखों के माध्यम से इन महान विभूतियों की कथाएँ, आरती, मंत्र, स्तोत्र और पूजन विधि को सरल भाषा में प्रस्तुत करता हूँ, ताकि हर भक्त अपने जीवन में इनकी कृपा का अनुभव कर सके।जय श्री राम View Profile