Shiv Bhola Na Jage Jagay Hari
शिव भोला ना जागे जगाय हारी,
शिव भोला ना जागे जगाय हारी॥
ब्रह्मा जगावे शिव के विष्णु जगावे,
कामदेव जगावे धनुष मारी,
शिव भोला ना जागे जगाय हारी॥
गंगा जगावे शिव के यमुना जगावे,
सरयु जगावे लहर मारी,
शिव भोला ना जागे जगाय हारी॥
कार्तिक जगावे शिव के गणपति जगावे,
नंदी जगावे हुंकार मारी,
शिव भोला ना जागे जगाय हारी॥
चंदा जगावे शिव के सूरज जगावे,
तारें जगावे चमक मारी,
शिव भोला ना जागे जगाय हारी॥
सासु जगावे शिव के सरहज जगावे,
गौरा जगावे अपन नारी,
शिव भोला ना जागे जगाय हारी॥

मैं पंडित सत्य प्रकाश, सनातन धर्म का एक समर्पित साधक और श्री राम, लक्ष्मण जी, माता सीता और माँ सरस्वती की भक्ति में लीन एक सेवक हूँ। मेरा उद्देश्य इन दिव्य शक्तियों की महिमा को जन-जन तक पहुँचाना और भक्तों को उनके आशीर्वाद से जोड़ना है। मैं अपने लेखों के माध्यम से इन महान विभूतियों की कथाएँ, आरती, मंत्र, स्तोत्र और पूजन विधि को सरल भाषा में प्रस्तुत करता हूँ, ताकि हर भक्त अपने जीवन में इनकी कृपा का अनुभव कर सके।जय श्री राम View Profile