Hey Ram Tumhare Charano Me Jab Pyar Kisi Ko Ho Jaye
हे राम तुम्हारे चरणों में,
जब प्यार किसी को हो जाए…
दो चार जनों की बात तो क्या,
संसार का मालिक बन जाए।।
रावण ने राम से बैर किया,
अब तक भी जलाया जाता है,
बन भक्त विभीषण शरण गए,
घर बार उसी का हो जाए…
हे राम तुम्हारे चरणो में,
जब प्यार किसी को हो जाए।।
गणिका ने कौन से वेद पड़े,
शबरी क्या रूप की रानी थी,
जिसमे छल कपट का लेश नहीं…
श्री राम उसी का बन जाए,
हे राम तुम्हारे चरणों में,
जब प्यार किसी को हो जाए।।
माया के पुजारी सुन लो तुम,
उस प्रेम दीवानी मीरा से,
गर प्रेम हो मीरा सा मन में…
मोहन तेरा भी हो जाए,
हे राम तुम्हारे चरणो में,
जब प्यार किसी को हो जाए।।
हे राम तुम्हारे चरणों में,
जब प्यार किसी को हो जाए…
दो चार जनों की बात तो क्या,
संसार का मालिक बन जाए।।

मैं आचार्य ब्रह्मदत्त, सनातन धर्म का एक साधक और आध्यात्मिक ज्ञान का प्रचारक हूँ। मेरा जीवन देवी-देवताओं की आराधना, वेदों-पुराणों के अध्ययन और भक्ति मार्ग के अनुसरण में समर्पित है। सूर्य देव, खाटू श्याम, शिव जी और अन्य देवी-देवताओं की महिमा का गुणगान करना मेरे लिए केवल एक लेखन कार्य नहीं, बल्कि एक दिव्य सेवा है। मैं अपने लेखों के माध्यम से भक्तों को पूजन विधि, मंत्र, स्तोत्र, आरती और धार्मिक ग्रंथों का ज्ञान सरल भाषा में प्रदान करने का प्रयास करता हूँ, ताकि हर भक्त अपने आध्यात्मिक पथ को सुगम और सार्थक बना सके। View Profile