लोरी सुनाए गौरा मैया झूला झूले गजानंद भजन लिरिक्स

भगवान गणेश माता गौरी के लाड़ले पुत्र हैं, जिनकी बाल लीलाओं का वर्णन भक्तों के हृदय को आनंदित कर देता है। लोरी सुनाए गौरा मैया झूला झूले गजानंद भजन में मां गौरी अपने पुत्र गजानन को प्रेमपूर्वक झूला झुलाते हुए स्नेहभरी लोरी गा रही हैं। इस भजन के मधुर शब्द गणेश जी के वात्सल्य रूप को दर्शाते हैं, जो भक्तों को एक दिव्य आनंद और आध्यात्मिक शांति प्रदान करते हैं।

Lori Sunae Gaura Maiya Jhula Jhule Gajanand

लोरी सुनाए गौरा मैया,
झूला झूले गजानंद,
रिमझिम रिमझिम बरसे बदरिया,
रिमझिम रिमझिम बरसे बदरिया,
झूला झूले गजानंद,
लोरी सुनाए गोरा मैया,
झूला झूले गजानंद।1।

शिव शंकर का डमरू बाजे,
नारद नाचे नंदी नाचे,
ठंडी ठंडी चले पुरवैया,
ठंडी ठंडी चले पुरवैया,
झूला झूले गजानंद,
लोरी सुनाए गोरा मैया,
झूला झूले गजानंद।2।

कोई पीताम्बर पहनाए,
आँखों में कोई कजरा लगाए,
लागे ना देवा तुमको नजरिया,
लागे ना देवा तुमको नजरिया,
झूला झूले गजानंद,
लोरी सुनाए गोरा मैया,
झूला झूले गजानंद।3।

मंगल गीत यहाँ देवियां गाए,
सुर नर मुनि सब पर्व मनाए,
खुश है निरंजन सारी दुनिया,
खुश है निरंजन सारी दुनिया,
झूला झूले गजानंद,
लोरी सुनाए गोरा मैया,
झूला झूले गजानंद।4।

लोरी सुनाए गौरा मैया,
झूला झूले गजानंद,
रिमझिम रिमझिम बरसे बदरिया,
रिमझिम रिमझिम बरसे बदरिया,
झूला झूले गजानंद,
लोरी सुनाए गोरा मैया,
झूला झूले गजानंद।5।

भगवान गणेश की भक्ति से मन को शांति और जीवन में मंगल का संचार होता है। लोरी सुनाए गौरा मैया झूला झूले गजानंद भजन गणपति बप्पा के बाल स्वरूप की महिमा गाता है, जिससे भक्तों का मन भक्ति भाव से भर जाता है। यदि आपको यह भजन भक्तिमय लगा, तो जय गणेश जय गणेश देवा, गणपति बप्पा मोरया, सिद्धिविनायक जय गणेश, और गणेश जी की आरती भी अवश्य पढ़ें और गणपति बप्पा की भक्ति में रम जाएं। ????????

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