उज्जैन नगरी, जहाँ स्वयं महाकाल विराजते हैं, उनकी कृपा का स्रोत है। महाकाल तेरी बस्ती में कृपा बरसती भजन हमें इस दिव्य अनुभूति से जोड़ता है कि जो भी महाकाल की शरण में आता है, उसकी झोली शिव कृपा से भर जाती है। यह भजन शिवजी के अपार आशीर्वाद, भक्तों पर होने वाली उनकी कृपा और उज्जैन की महिमा को दर्शाता है, जहाँ हर कण-कण में शिव का वास है।
Mahakal Teri Basti Me Kirpa Barasti
उनके सिवा यहां पर,
किसी की ना चलती,
मिलने को जिनसे ये,
दुनिया मचलती,
उज्जैन के राजा की,
अलग है हस्ती,
महाकाल तेरी बस्ती में,
कृपा बरसती,
महाकाल मेरे महाकाल मेरे,
महाकाल मेरे महाकाल।1।
तुझे देख के दिल,
मस्ताना हो गया,
महाकाल तेरी,
नगरी का दीवाना हो गया,
महाकाल तेरी,
नगरी का दीवाना हो गया।2।
नाम जपूँ तेरा मैं तो,
हर एक पहर में,
दिल खो गया है मेरा,
तेरे इस शहर में,
तू ही मेरी मंजिल बाबा,
तू ही है हस्ती,
महांकाल तेरी बस्ती मे,
कृपा बरसती,
हां जी,
भोले बाबा की करो सब,
तपस्या रे तपस्या रे,
ये मिटा देंगे,
सारी समस्या रे,
महाकाल मेरे महाकाल मेरे,
महाकाल मेरे महाकाल।3।
मौज लो रोज लो,
नहीं मिले तो खोज लो,
मौज लो रोज लो,
नहीं मिले तो खोज लो,
मेरा तेरा इसका उसका,
माथे पर क्यों बोझ लो,
ना लो कुछ तुम बस,
ले लो शिव की भक्ति,
महाकाल तेरी बस्ती में,
कृपा बरसती,
महाकाल मेरे महाकाल मेरे,
महाकाल मेरे महाकाल।4।
उनके सिवा यहां पर,
किसी की ना चलती,
मिलने को जिनसे ये,
दुनिया मचलती,
उज्जैन के राजा की,
अलग है हस्ती,
महाकाल तेरी बस्ती में,
कृपा बरसती,
महाकाल मेरे महाकाल मेरे,
महाकाल मेरे महाकाल।5।
महाकाल की बस्ती में आने मात्र से ही सभी दुखों का अंत हो जाता है और जीवन में सकारात्मकता का संचार होता है। “महाकाल तेरी बस्ती में कृपा बरसती” भजन की तरह “चल उज्जैन चलते हैं”, “उज्जैन नगरीया बुला ले बाबा”, “महाकाल की कृपा से सब काम हो रहा है” और “भोलेनाथ ने पकड़ा हाथ नहीं तो मैं बह जाता” जैसे भजन भी हमें शिवजी की असीम कृपा का अनुभव कराते हैं। आइए, इन भजनों का पाठ करें और शिव भक्ति में लीन हों। ????????

मैं आचार्य ब्रह्मदत्त, सनातन धर्म का एक साधक और आध्यात्मिक ज्ञान का प्रचारक हूँ। मेरा जीवन देवी-देवताओं की आराधना, वेदों-पुराणों के अध्ययन और भक्ति मार्ग के अनुसरण में समर्पित है। सूर्य देव, खाटू श्याम, शिव जी और अन्य देवी-देवताओं की महिमा का गुणगान करना मेरे लिए केवल एक लेखन कार्य नहीं, बल्कि एक दिव्य सेवा है। मैं अपने लेखों के माध्यम से भक्तों को पूजन विधि, मंत्र, स्तोत्र, आरती और धार्मिक ग्रंथों का ज्ञान सरल भाषा में प्रदान करने का प्रयास करता हूँ, ताकि हर भक्त अपने आध्यात्मिक पथ को सुगम और सार्थक बना सके। View Profile